धन के लिए 10 टोटके

धन के लिए 10 टोटके : जब हम लय में होते हैं, तो हमारे हर कार्य में संयोग सहज रूप से साथ देते हैं। एक होता है योग और दूसरा होता है संयोग। अगर किसी जातक की कुण्‍डली में धनवान बनने के योग हैं तो वह स्‍वत: ही धनवान बनेगा, लेकिन अगर किसी जातक की कुण्‍डली में धनवान बनने के योग नहीं है, तो उसे धन के संयोगों पर निर्भर रहना पड़ेगा।

ज्‍योतिष या तंत्र में कहीं भी उल्‍लेख नहीं है कि जातक के पास धन की कितनी मात्रा होगी। एक दस हजार रुपए महीना कमाने वाला जातक धन के मामले में सुखी हो सकता है और एक करोड़ों का व्‍यवसाय करने वाला धनपति धन के मामले में चिंतित हो सकता है। जातक धन के मामले में चिंतित रहे या निश्चिंत, लेकिन इतना जरूरी है कि आवश्‍यकता जितना धन हर जातक के पास होना चाहिए। कालांतर में हमारे तंत्र साहित्‍य और लोक समझ ने ऐसी युक्तियां निकाली हैं, जो लय बिगड़े जातक को धन के मामले में एक बार फिर से गाड़ी को पटरी पर बैठाने में मदद कर सके। यहां लक्ष्‍मी हासिल करने और लक्ष्‍मी को स्थिर करने के ऐसे उपायों की सीरीज प्रस्‍तुत की जा रही है।


  1. अगर अचानक धन लाभ की स्थितियाँ बन रही हो, किन्तु लाभ नहीं मिल रहा हो, तो गोपी चन्दन की नौ डलियाँ लेकर केले के वृक्ष पर टाँग देनी चाहिए। स्मरण रहे यह चन्दन पीले धागे से ही बाँधना है।
  2. कच्ची धानी के तेल के दीपक में लौंग डालकर हनुमान जी की आरती करें। अनिष्ट दूर होगा और धन भी प्राप्त होगा।
  3. अकस्मात् धन लाभ के लिये शुक्ल पक्ष के प्रथम बुधवार को सफेद कपड़े के झंडे को पीपल के वृक्ष पर लगाना चाहिए। यदि व्यवसाय में आकिस्मक व्यवधान एवं पतन की सम्भावना प्रबल हो रही हो, तो यह प्रयोग बहुत लाभदायक है।
  4. अगर आर्थिक परेशानियों से जूझ रहे हों, तो मन्दिर में केले के दो पौधे (नर-मादा) लगा दें।
  5. नये मकान के प्रवेश द्वार पर कौड़ियों का तोरण द्वार लटकाने से ऊपरी बाधायें दूर होती हैं। नजर-टोना नहीं होता है। लक्ष्मी की वृद्धि होती है।
  6. आर्थिक लाभ प्राप्ति हेतु : पीतल के लोटे में जल व गाय का दूध मिलाकर शुक्ल पक्ष में सिरहाने रखकर सो जायें। प्रात: यह दूध मिश्रित जल पीपल वृक्ष पर श्रद्धापूर्वक चढ़ा दें। यह उपाय 11 दिन तक लगातार करें। सोमवार से यह प्रयोग आरंभ करें आर्थिक लाभ निश्चित होगा।
  7. पत्नी लक्ष्मी रूपा : भूलकर भी धर्म पत्नी को न ही दुत्कारें, न कोसें तथा न ही अशुभ मानकर मारें। दुखी होकर पत्नी रोती हुई अपने माता-पिता के घर चली गयी तो याद रहे इस पाप कर्म से आपके घर की बरकत चली जाएगी। आपकी बहन कदापि अपने ससुराल सुखी न रहेगी। उसके संतान सुख न होगा। तथा आप पर वंश हत्या का पाप लगेगा। पत्नी मायके चली गयी हो तो फौरन मनाकर ले आयें। धन, वस्त्र व मान देकर पत्नी को मनायें। बिगड़ते कार्य बनेंगे। मां वैष्णों देवी की यात्रा का पुण्य मिलेगा।
  8. रूका धन पाने के लिए : पीपल के सात पत्ते लेकर रौली से ‘श्री’ लिखकर शिवलिंग पर चढ़ाएं। ऊपर से गंगा जल चढ़ाएं। ‘ऊँ नम शम्भवाय’ सात बार बोलें। रूका धन मिल जाएगा। यह प्रयोग सात बार सोमार से शुरू करना है।
  9. फर्श व दीवारों पर बच्चे अक्सर पेंसिल से लाइने खींच देते हैं। व्यर्थ के आलेखन नहीं बनाने चाहिए। कलेश व कर्जा बढ़ता है। हो सके तो दीवार पर खींची लाइने व अन्य धब्बे आदि मिटाने चाहिए। लक्ष्मी की कृपा बनी रहेगी।
  10. अपने घर में पवित्र नदियों का जल संग्रह कर के रखना चाहिए। इसे घर के ईशान कोण में रखने से अधिक लाभ होता है।

डिस्‍क्‍लेमर : कुछेक प्रयोग लेखक द्वारा किए गए हो सकते हैं, लेकिन अधिकांश प्रयोग या तो लोक मानस में बसे हुए प्रयोग हैं तो कुछ प्रयोग तंत्र साहित्‍य की पुस्‍तकों से भी लिए गए हैं। समय समय पर इन प्रयोगों ने जातकों को धन की समस्‍या से मुक्‍त होने में मदद की है। आप भी इन सरल प्रयोगों को अपने स्‍तर पर कर सकते हैं, लेकिन लेखक किसी भी प्रयोग को लेकर किसी प्रकार का दावा नहीं करता है। आप जो भी प्रयोग करें, अपने स्‍तर पर अपने निर्णय से करें।