केन्‍द्र सरकार बनने के बाद से ही यह कयास लगाए जा रहे हैं कि वसुंधरा राजे को हटाकर राजस्‍थान में किसी दूसरे व्‍यक्ति को मुख्‍यमंत्री के पद पर बैठाया जाएगा, लेकिन तात्‍कालिक प्रश्‍न ज्‍योतिष के अनुसार वर्ष 2016 के दौरान न केवल वसुंधरा राजे अपने पद पर बनी रहेंगी, बल्कि उनके पराक्रम, महत्‍व और प्रतिष्‍ठा में भी अच्‍छी वृद्धि होगी। देखते हैं क्‍या कहती है वसुंधरा राजे के लिए तात्‍कालिक प्रश्‍न कुण्‍डली (Vasundhara raje prediction for 2016)

वसुंधरा राजे का जन्‍म महाराष्‍ट्र के मुंबई शहर में 8 मार्च 1953 को हुआ था। राजे की कर्क लग्‍न की कुण्‍डली है। लग्‍न में केतू और सप्‍तम में राहू स्थित है। दिसम्‍बर 2014 में राजे की राहू की महादशा शुरू हो चुकी है। सामान्‍य जातक के लिए राहू की दशा अधिकतर खराब होती है, लेकिन फिल्‍म और राजनीति में राहू की दशा ही वह समय होता है, जब अभिनेता और नेता को नई बुलंदियां मिलती हैं। वसुंधरा राजे के लिए भी राहू का दौर आश्‍चर्यजनक रूप से बेहतर होने की संभावनाएं बन रही है।

तात्‍कालिक प्रश्‍न के अनुसार इस वर्ष राजे को अंक 6 मिलता है। इसके अनुसार इस साल वसुंधरा राजे के पराक्रम में बढ़ोतरी होने की संभावना है। तृतीयेश बुध तृतीय भाव को देखता है और राहू खुद भी बुध के सबलॉर्ड में है। ऐसे में तृतीय सहज या पराक्रम भाव में तेजी से बढ़ोतरी होनी स्‍वाभाविक है। पहले दो सालों में जहां राजे जमीनी स्‍तर पर काम करने के बजाय योजनाओं पर ही अधिक काम कर पाई हैं, वहीं इस साल कागजों और भावों में बन रही योजनाओं के जमीनी तौर पर उतरने की अच्‍छी संभावनाए हैं। अपने पद और प्रतिष्‍ठा पर जमे रहने के बावजूद मार्शल कौम से वसुंधरा को सावधान रहने की जरूरत है। बलशाली और प्रभावशाली समूह इस साल राजे की चिंता का प्रमुख कारण बनेंगे। मार्शल कौम में भी सिंह राशि से प्रभावित कारक वसुंधरा की प्रतिष्‍ठा को चुनौती देते नजर आएंगे।